Due-Date (भुगतान तिथि ) क्या है ?
Due-Date (भुगतान तिथि ) क्या है ? भुगतान के लिए निर्धारित किये गये तिथि को Due-Date कहा जाता है ।
Due-Date (भुगतान तिथि ) क्या है ? भुगतान के लिए निर्धारित किये गये तिथि को Due-Date कहा जाता है ।
Bills Payable (देय विपत्र ) क्या है ? वह विपत्र जिसका राशि चुकाना होता है उसे Bills Payable कहा जाता है । जब ऋणी या देनदार अपने लेनदार के द्वारा लिखित बिल को स्वीकार कर लेता है और इसे वापस कर देता है, तब यह उसके लिए देय बिल कहलाता है, क्योंकि एक निश्चित तिथि…
Read more
Bills Receivable (प्राप्य विपत्र) क्या है ? वह विपत्र जिसका राशि प्राप्त किया जा सकता है उसे Bills Receivable कहा जाता है । जब लेनदार द्वारा लिखे गए ड्राफ्ट को देदार स्वीकार कर लेता है और बिल के लेखक को लौटा देता है, तब लेखक के लिए वह प्राप्य बिल कहलाता है।
विपत्र के पक्षकार कितने होते हैं ? विपत्र के प्रायः तीन पक्षकार होते हैं : आहर्ता/लेखक (Drawer) :जो व्यक्ति विपत्र तैयार करता है उसे Drawer कहा जाता है । स्वीकारकर्ता/आदाता (Drawee) :वह विपत्र जिसका राशि प्राप्त किया जा सकता है उसे Bills Receivable कहा जाता है । भुगतान पाने वाला/प्राप्तकर्ता (Payee) :वह विपत्र जिसका राशि…
Read more
विनिमय-विपत्र की विशेषताएँ क्या है ? Bills Of Exchange की निम्नलिखित विशेषताएँ हैं : यह भुगतान हेतु निश्चित आदेश-पत्र है। यह शर्तरहित होता है। इस पर स्टाम्प लगा रहता है। इस पर लेखक के हस्ताक्षर होते हैं। इस पर भुगतान पाने का नाम व पता रहता है। धन के भुगतान की अवधि निश्चित रहती है।…
Read more
विनिमय विपत्र(Bills Of Exchange) क्या है ? वह प्रपत्र जिसपर एक निश्चित राशि चुकाये जाने का आदेश होता है उसे विनिमय विपत्र कहा जाता है । एक व्यक्ति के द्वारा लिखा गया तथा दूसरे व्यक्ति के द्वारा स्वीकार किया गया वह प्रपत्र जिस पर एक निश्चित राशि चुकाये जाने का आदेश होता है । उसे…
Read more
Bills Of Exchange विनिमय विपत्र(Bills Of Exchange) क्या है ? विनिमय-विपत्र की विशेषताएँ क्या है ? विपत्र के पक्षकार कितने होते हैं ? Bills Receivable (प्राप्य विपत्र) क्या है ? Bills Payable (देय विपत्र ) क्या है ? Due-Date (भुगतान तिथि ) क्या है ? बिल के भेद क्या है ? Bills Of Exchange के…
Read more
Double column cash book The double column cash book (also known as two column cash book) has two money columns on both debit and credit sides – one to record cash transactions and one to record bank transactions. In other words, we can say that if we add a bank column to both sides of…
Read more
Discount एवं Cash वाला Double Column Cash Book कैसे बनाया जाता है ?
Double Column Cash Book क्या है ? जिस Cash Book में Amount का दो Column होता है उसे Double Cash Book कहा जाता है । इसे Two Column Cash Book भी कहा जाता है । दो खाने वाली रोकड़ बही से अभिप्राय उस रोकड़ बही से है जिसमें प्रत्येक भाग में रोकड़ के दो-दो खाने…
Read more